मैनपुर। गरियाबंद जिले के मैनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत डंडईपानी के जंगल में शुक्रवार को सीआरपीएफ एवं पुलिस ने नक्सलियों द्वारा डंप किए गए विस्फोटक सामग्रियों को बरामद किया गया और नष्ट किया।
जानकारी के अनुसार जिले में सुरक्षा बलों द्वारा वर्षों से संचालित नक्सल विरोधी अभियानों के फलस्वरूप क्षेत्र में नक्सल संगठन की गतिविधियाँ लगभग समाप्त हो चुकी हैं। विश्वसनीय खुफिया सूचना के आधार पर 11 जून को दोपहर 4.30 बजे कुल्हाड़ीघाट स्थित एफ/65 बटालियन सीआरपीएफ द्वारा थाना मैनपुर क्षेत्र के डडईपानी जंगल में विशेष सर्च अभियान प्रारंभ किया गया। इस क्षेत्र कुल्हाड़ीघाट कैम्प से लगभग 10 किलोमीटर उत्तर–पूर्व दिशा में स्थित है। सर्च अभियान के दौरान 12 जून को लगभग 12.25 बजे डडईपानी जंगल क्षेत्र में नक्सलियों द्वारा परित्यक्त संदिग्ध डम्प का पता चला।
तत्पश्चात (बम डिटेक्शन एवं डिस्पोजल स्क्वाड) टीम को बुलाकर क्षेत्र की गहन जांच कराई गई, जिसमें डम्प में विस्फोटक सामग्री एवं अन्य सामान होने की पुष्टि हुई। उक्त डम्प से निम्नलिखित सामग्री बरामद की गई प्रेशर आईईडी (लगभग 4 किलोग्राम), कुकर आईईडी (लगभग 5 किलोग्राम), भरमार रायफल, इंटरसेप्टर, यूबीजीएल राउंड, रायफल मैगजीन, कमर्शियल कोडेक्स वायर, कुछ मात्र में पटाखे, गन पाउडर तथा दवाइयाँ एवं दैनिक उपयोग की सामग्री बरामद की गई।

नक्सलियों द्वारा पूर्व में छिपाई गई यह विस्फोटक सामग्री एवं हथियार सुरक्षा बलों तथा आम नागरिकों के लिए गंभीर खतरा उत्पन्न कर सकते थे। सुरक्षा बलों द्वारा समय रहते इस परित्यक्त डम्प की बरामदगी एवं निक्रियकरण से क्षेत्र में एक संभावित बड़ी दुर्घटना को टाला गया है।
बरामद सामग्री को नियमानुसार जब्त कर आवश्यक वैधानिक कार्यवाही की जा रही है। सीआरपीएफ एवं राज्य पुलिस के समन्वित प्रयासों से नक्सल संगठन का प्रभावी रूप से सफाया हो चुका है। सुरक्षा बल अब क्षेत्र को नक्सलियों के परित्यक्त हथियारों एवं विस्फोटकों से पूर्णत: मुक्त कर शांति, सुरक्षा एवं विकास का मार्ग प्रशस्त करने हेतु पूर्ण समर्पण के साथ कार्यरत हैं।






