कसडोल। बलौदाबाजार जिले के जनपद पंचायत कसडोल अंतर्गत ग्राम पंचायत बार में आदिवासी कन्या आश्रम के मैदान समतलीकरण कार्य को लेकर वित्तीय अनियमितता के आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि आदिवासी विकास विभाग द्वारा स्वीकृत 7.88 लाख की योजना में बिना कार्य शुरू किए ही 3.15 लाख की पहली किस्त आहरित कर ली गई।
जानकारी के अनुसार आदिवासी कन्या आश्रम परिसर में छात्राओं के खेल मैदान के समतलीकरण के लिए कुल 7.88 लाख की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई थी। आरोप है कि कार्य शुरू होने से पहले ही पंचायत द्वारा 3.15 लाख रुपये बैंक से निकाल लिए गए, जबकि मौके पर अब तक मैदान समतलीकरण का कार्य दिखाई नहीं देता।
सरपंच – सचिव पर सरकारी के दुरुपयोग का आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि आश्रम परिसर में पहले से ही समतल मैदान मौजूद है और बड़े पैमाने पर समतलीकरण की आवश्यकता भी नहीं थी। इसके बावजूद लाखों की स्वीकृति और राशि निकासी कई सवाल खड़े करती है। ग्रामीणों ने सरपंच एवं सचिव पर शासकीय राशि के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
ग्रामीणों ने कहा -जांच सही पाये जाने पर दर्ज हो एफआईआर
ग्रामीणों ने मांग की है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित सरपंच एवं सचिव के विरुद्ध धोखाधड़ी और गबन की धाराओं में एफआईआर दर्ज की जाए। साथ ही पंचायत राज अधिनियम की धारा 40 के तहत कार्रवाई करते हुए पद से पृथक करने की प्रक्रिया शुरू की जाए। इसके अलावा संबंधित तकनीकी अधिकारियों एवं इंजीनियरों की भूमिका की भी जांच कर शासकीय राशि की ब्याज सहित वसूली की जाए।

अनियमितता पाये जाने पर कार्रवाई होगी
“मैं उक्त मामले की जानकारी प्राप्त करवाता हूं। यदि जांच में अनियमितता पाई जाती है तो नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।”
कमलेश साहू
मुख्य कार्यपालन अधिकारी
जनपद पंचायत कसडोल
कार्य शुरू क्यों नहीं हुआ, जांच का विषय
योजना की राशि आहरित होने के बाद कार्य किया जाता है, लेकिन अब तक कार्य क्यों शुरू नहीं हुआ, यह जांच का विषय है।
दुष्यंत ऑडिल
सब इंजीनियर, जनपद पंचायत, कसडोल






