कोलकाता। टीएमसी में ममता बनर्जी को लगातार झटके लगते जा रहे हैं। इसे लेकर ममता के सब्र की सीमा टूटने लगी है। ममता बनर्जी ने साथ छोड़ने वालों को कहा कि अगर मुझे रोकना है तो मुझे मार डालो। गौरतलब है कि टीएमसी के 80 विधायक रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट के साथ चले गए हैं। वहीं, पार्टी के लोकसभा सांसदों ने भी तीसरा गुट बना लिया है। इसके बाद असली टीएमसी कौन है, इसे लेकर बहस तेज हो गई है।
टीएमसी सिंबल पर बहस
ममता बनर्जी ने कहा कि टीएमसी का सिंबल, उसी गुट के साथ रहेगा जो उनके प्रति लॉयल रहेगा। उन्होंने संकेत दिया कि बागियों को कानूनी लड़ाई लड़नी पड़ सकती है। उन्होंने कहा कि पार्टी सिंबल कहीं नहीं जाएगा। साथ ही बागियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर मुझे मारना है तो मुझे मार डालो। गौरतलब है कि टीएमसी पर नियंत्रण करने को लेकर जारी लड़ाई शुक्रवार को तब एक नए दौर में पहुंच गई जब नेता प्रतिपक्ष रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी गुट ने कोलकाता में पार्टी के मुख्यालय पर कब्जा कर लिया। इससे एक दिन पहले ही उन्होंने निर्वाचन आयोग के सामने पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न पर अपना दावा पेश किया था।
ममता ने ऑफिस पर क्या कहा
ममता बनर्जी ने कहा जो लोग कल तृणमूल कांग्रेस के ऑफिस गए और उसे बंद कर दिया, मैं उनसे यही कहूंगी कि हमने वो ऑफिस किराए पर लिया था। यह हमें अक्टूबर 2027 तक लीज़ पर दिया गया था। कोई भी व्यक्ति पार्टी छोड़ सकता है, लेकिन संस्था खुद खत्म नहीं होती। यह पार्टी की संपत्ति है। मैं इसे बस अपने कब्जे में नहीं ले सकती। कोई भी ‘मां, माटी, मानुष’ की संपत्ति जबरदस्ती नहीं ले सकता।






